
ज्वलनशील रासायनिक पदार्थों को गर्म करते समय चीजों को सुरक्षित रखना आवश्यक है।
यदि आप कार्बन नैनोट्यूब बना रहे हैं, तो आपको पता होगा कि ताप-नियंत्रण बहुत महत्वपूर्ण है। लेकिन समस्या यह है कि जब ज्वलनशील कीटाणुनाशकों का उपयोग किया जाता है, तो सामान्य इन्फ्रारेड लैंप एक खतरनाक उपकरण बन जाता है। थोड़ी सी चिंगारी या टूटा हुआ क्वार्ट्ज ट्यूब ही आग लगने का कारण बन सकता है।
हमने खुले डिज़ाइनों पर निर्भर रहना बंद कर दिया, और इसके बजाय विशेष एनकैप्सुलेशन सिस्टम का उपयोग किया।
हाउसिंग की भूमिका
हम इन्फ्रारेड एमिटरों को रासायनिक रूप से प्रतिरोधी, विस्फोट-रोधी कवर में रखते हैं। यह एक कठोर बाधा है, जो गर्म तारों को उन ज्वलनशील वाष्पों से दूर रखती है।
लेकिन यह सिर्फ एक कवर ही नहीं है… हमने ऐसी हाउसिंग बनाई है, जो क्षारीय घोलों को अंदर घुसने से रोकती है। भारी गैसकेटों एवं मजबूत काँच के उपयोग से, बाहरी रासायनिक पदार्थों के प्रभाव के बावजूद भी आंतरिक वैक्यूम बरकरार रहता है।
तापमान को नियंत्रित करना
सुसंगत कार्बन नैनोट्यूब विकास तभी ही संभव है, जब तापमान स्थिर रहे। तापमान में उतार-चढ़ाव न हो, इसलिए हम बंद-लूप फीडबैक सिस्टम का उपयोग करते हैं।
ध्यान देने योग्य बात यह है कि हाउसिंग के कारण लैंप उतनी तेज़ी से गर्म नहीं होता। इसके लिए आपको अपने PID ट्यूनिंग को समायोजित करना होगा… वरना तापमान में उतार-चढ़ाव होगा।
व्यावहारिक उपयोग
जब आप इन लैंपों को जोड़ रहे हों, तो सबसे पहले उनके सीलों की जाँच करें। रिसाव से न केवल लैंप नष्ट हो जाता है, बल्कि पूरी फैक्ट्री भी खतरे में पड़ जाती है।
हमने हाउसिंग को छोटा रखा, ताकि ये लैंप आसानी से आपके मौजूदा केमिकल टैंकों/ड्रायिंग चैंबरों में रखे जा सकें। लेकिन ध्यान रखें कि हाउसिंग के कारण थोड़ी गर्मी पैदा होती है… यदि वेंटिलेशन ठीक से न हो, तो हाउसिंग इतनी गर्म हो सकती है कि आसपास के प्लास्टिक भाग पिघल जाएँ।
अपनी वेंटिलेशन सिस्टम की क्षमता की जाँच जरूर करें… यह एक सरल कदम है, लेकिन इससे बाद में बहुत समस्याओं से बचा जा सकता है।